जीवन के जल का सोता, माता

Time 25:17
Views 36,170

जब मानवजाति मेमने की पत्नी यानी आत्मा की दुल्हिन स्वर्गीय माता के पास जाती हैं, तब वे जीवन का जल(अनंत जीवन) सेंतमेंत पाकर स्वर्गीय राज–पदधारी याजक बनने की आशीष पा सकती हैं। जब माता के जीवन का जल पूरे संसार में बहेता है तब जाति जाति के लोग चंगे होते हैं और चूंकि माता, इसलिए हम और पूरा संसार एक दूसरे के साथ जुड़ सकते हैं।

Media Cast पर देखें
पिछला